सूचना प्रौद्योगिकी और इलेक्ट्रॉनिक्स विभाग
eDistrict उत्तर प्रदेश पोर्टल हेतु अपने विचार साझा करें
आरंभ की तिथि: 26-07-2021
अंतिम तिथि: 31-08-2021
जिला स्तर पर विभिन्न विभागों एवं उनकी क्षमताओं को विस्तार देने हेतु ...
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Ujalapatel 4 years 6 महीने पहले
Bijali vibhag ko private kar dijiye Na jaane kitne logon ki jindagi chali ja rahi hai yah sarkari log sarkari karmchari ki vajah se bewajah bijali ka bill bharna pad ja raha hai
SUMIT BAIS 4 years 6 महीने पहले
UP me Computer Operater Jo Gram Panchayat M lag rhe h Inko Csc VLE ko phle liya jaye
VivekPratapSingh 4 years 6 महीने पहले
महोदय ई डिस्टिक पोर्टल की पहुंच आम जनता तक पहुंचाने की कोशिश की जाए अभी e-district पोर्टल आम जनता के लिए पूरी तरह से फैमिलियर नहीं है ई डिस्टिक पोर्टल का इस्तेमाल सीएससी और विभागों द्वारा केवल किया जाता है जनसुनवाई पोर्टल को भी ई डिस्टिक पोर्टल से जोड़ा जाए वह गलत आख्या देने पर विभागों की जिम्मेदारी तय की जाए जिसकी समीक्षा जिलाधिकारी महोदय की अध्यक्षता में की जाए
mushtaq ali ansari 4 years 6 महीने पहले
यूपी सरकार जवाब दे।
जब ग्राम विकास अधिकारी पंचायती राज का कार्य करते है, तो ग्राम रोज़गार सेवक पंचयात सहायक का कार्य क्यो नही देख सकते?
जब पंचायत राज और ग्राम विकास विभाग का विलय प्रस्तावित है
जब पंचायत राज और ग्राम विकास विभाग का अपर मुख्य सचिव एक ही अफसर है तो मनमानी भर्ती क्यों
मध्यप्रदेश राज्य की भांति मनरेगा ग्राम रोजगार सेवकों को ग्राम रोजगार सेवक सह पंचायत सहायक बना कर ग्राम सचिवालय का संचालन कराया जा सकता
सरकार इनकी मांगे माननी चाहिए
Munish Kumar 4 years 6 महीने पहले
Sir sabse pehle har new yojana ki ek official website ho jo ki state ki different department se connect ho taki har koi online apply kr sake koi se bhi state policy scheme mein.
Anupam Mishra 4 years 6 महीने पहले
कालाबाजारी को रोकने की कोशिश करके देखिए।सब कुछ ठीक हो गा
Shyam Babu 4 years 6 महीने पहले
सबसे पहले तो सभी विभागों की वेबसाइट ठीक कराएं। ज्यादातर समय चलती नहीं हैं। जैसे उदाहरण के लिए खाद्य एवं रसद विभाग की वेबसाइट में बहुत प्रॉब्लम है।
gopal dubey 4 years 6 महीने पहले
टहलते समय दिल की गति एक मिनट में 72 बार से बढ़कर 82 बार हो जाती है ,अन्य कसरतों से दिल पर अधिक जोर पड़ता है इसलिए टहलना कसरत की सर्वोत्तम पद्धति मानी गयी है //
ध्यान रहे टहलने समय गहरी श्वास लेने का अभ्यास करना जरुरी है / एवंग प्रातः काल शौच आदि निपट कर टहलने निलकना चाहिये /
''एक श्वास में सात कदम चलना चाहिये उसके बाद चार कदम तक श्वास को रोक रखना चाहिये फिर सात कदम तक श्वास बाहर निकालना चाहिये '' //
यदि हमें अपने शरीर को स्वस्थ रखना हे तो हमें अपने शरीर को कब्ज मुक्त रखना होगा।। --
gopal dubey 4 years 6 महीने पहले
संसार में कसरत की अनगिनत पद्धयतियाँ पाई जाती है जिसमे से कुछ केवल शरीर की मांसपेशियों को , कुछ फेफड़ों और उससे सम्बंधित अवयवों को / पर जितनी सरल और स्वाभाविक तरीके से टहलने से शरीर एक दो नहीं बल्कि सभी अंग सशक्त हो जाते है , उस तरह किसी भी अन्य व्यायाम पद्धति से नहीं होते , इसका लाभ बच्चे ,जवान ,बूढ़े एवंग कमजोर व्यक्ति उठासकते है तथा इससे किसी का मन नहीं ऊबता जबकि अन्य कसरतों को लोग कुछ दिनों तक करने के बाद अक्सर छोड़ देते है
इससे सिर पावं तक की २०० मांसपेशियों की हल्की-२ स्वाभाविक कसरत हो जा
gopal dubey 4 years 6 महीने पहले
पवन -स्नान और वायु -सेवन एक ही चीज के दो नाम हे /
इसी को अंग्रेजी में Air -Bath या Morning walk कहते हैं ,और साधारण बोल चाल में टहलना या हवा खाना कहते हे , जिससे शरीर की बाहरी और भीतरी दोनों सफाई साथ -२ होती हे / यह अगर नग्गे पाऊं एवंग हलके सूती कपड़े या नंगे बदन अधिक उपयोगी होता हे /
प्रसिद्ध विचारक 'श्री जूलियट सैनफोर्ड '' के शब्दों में टहलना न केवल जीवन की एक आवश्यकता हे अपितु यह एक कला है, आनंद है पौष्टिक तत्व है ,ख़ुशी है प्रकृति देवी का वरदान है और यह संसार की सर्वश्रेष्ठ कसरत है